“रील बनाओ, जनता भूल जाएगी?” भूपेश का साय सरकार पर बड़ा हमला, बोले- गाली से नहीं छुपेगी हकीकत

रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में एक बार फिर बयानबाजी का तूफान उठ खड़ा हुआ है। पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel ने साय सरकार और उसके मंत्रियों पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि जनता अब “रील और ड्रामे” से नहीं, बल्कि जमीन पर काम का हिसाब मांग रही है।
रायपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान भूपेश बघेल ने कहा कि कथित “सुशासन तिहार” के नाम पर पूरा मंत्रिमंडल सिर्फ दिखावा कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंत्री अधिकारियों को सार्वजनिक रूप से डांट-फटकार कर जनता को भ्रमित करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन लोगों को असली रिजल्ट चाहिए, सिर्फ कैमरे के सामने की एक्टिंग नहीं।
उन्होंने कहा कि चुनाव खत्म हुए अभी 12 दिन भी नहीं हुए और पेट्रोल-डीजल के दाम 8 रुपये तक बढ़ गए। बघेल ने दावा किया कि कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पहले ही आर्थिक संकट की चेतावनी दे चुके थे, लेकिन उस समय केंद्र सरकार और भाजपा नेताओं ने विपक्ष पर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया था। अब वही मंत्री महंगाई पर चुप क्यों हैं, यह जनता देख रही है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने किसानों की समस्याओं को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि सरकार दावा कर रही है कि किसानों को 80 प्रतिशत डीएपी खाद उपलब्ध कराया जा रहा है, लेकिन हकीकत यह है कि सोसायटियों में किसानों को डीएपी की एक बोरी तक नहीं मिल रही। बाजार में 1300 रुपये वाली डीएपी 2500 रुपये में बिक रही है, जबकि 266 रुपये की यूरिया 800 से 1000 रुपये प्रति बोरी तक पहुंच गई है।
भूपेश बघेल ने चेतावनी दी कि खाद की बढ़ती कीमतों का सीधा असर खेती की लागत और उत्पादन पर पड़ेगा, जिसका नुकसान अंततः किसानों और आम जनता दोनों को उठाना पड़ेगा। उनके इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में नया सियासी संग्राम छिड़ने के संकेत मिल रहे हैं।



