रात के अंधेरे में बदल दिया गया करोड़ों का कोयला! बिलासपुर में ऐसा खेल पकड़ा गया कि पुलिस भी रह गई दंग

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में कोयला हेराफेरी का एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने खनिज कारोबार में चल रहे कथित बड़े खेल की परतें खोल दी हैं। पुलिस ने हाई क्वालिटी कोयले को रास्ते में बदलकर घटिया कोयला भरने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए कोल डिपो मालिक समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। इस खुलासे के बाद इलाके में हड़कंप मचा हुआ है।
मामला हिर्री थाना क्षेत्र का है। शिकायतकर्ता आशीष केशरी ने पुलिस को बताया कि एसईसीएल अमेरा विश्रामपुर खदान से जी-6 श्रेणी का उच्च गुणवत्ता वाला कोयला तीन ट्रेलरों में भरकर सिलतरा स्थित गोपाल स्पंज एंड पावर प्राइवेट लिमिटेड भेजा गया था। लेकिन रास्ते में ही पूरा खेल कर दिया गया।
आरोप है कि पेण्ड्रीडीह चौक के पास वाहन मालिक Ganga Prasad Sahu और उसके साथियों ने ट्रेलरों को कोल डिपो संचालक Naresh Agrawal के डिपो में ले जाकर हर ट्रेलर से लगभग पांच-पांच टन उच्च गुणवत्ता वाला कोयला निकाल लिया। इसके बाद ट्रकों में 4700 जीसीवी का निम्न गुणवत्ता वाला कोयला भरकर प्लांट के लिए रवाना कर दिया गया।
शिकायत मिलने के बाद हिर्री थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। प्रारंभिक जांच में आरोप सही पाए जाने पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक Rajnesh Singh के निर्देश पर विशेष टीम बनाई गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक Madhulika Singh और नगर पुलिस अधीक्षक D. R. Tandon की निगरानी में पुलिस ने पूरे मामले की जांच की।
पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य और जांच के आधार पर डिपो मालिक नरेश अग्रवाल, वाहन मालिक गंगा प्रसाद साहू और ट्रेलर चालक फिरोज अंसारी, निसार अंसारी तथा इमरान अंसारी को गिरफ्तार कर लिया। सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह संगठित आर्थिक हेराफेरी का मामला लग रहा है, जिसमें परिवहन के दौरान माल की गुणवत्ता बदलकर भारी मुनाफा कमाया जा रहा था। अब जांच इस बात पर भी केंद्रित है कि इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है।


