छत्तीसगढ़

कोयले के काले खेल का भंडाफोड़! 3 लाख का माल बरामद, फर्जी GST बिल ने खोल दिए कई राज

दुर्ग पुलिस की दबिश में सामने आया अवैध कारोबार का नेटवर्क, पूछताछ में आरोपी ने उगले चौंकाने वाले राज

 

दुर्ग। दुर्ग पुलिस की कार्रवाई में कोयले के अवैध कारोबार से जुड़े एक बड़े खेल का पर्दाफाश हुआ है। खुर्सीपार थाना क्षेत्र में चोरी के कोयले की खरीदी-बिक्री कर रहे कारोबारी को गिरफ्तार किया गया है। मामले ने उस वक्त नया मोड़ ले लिया जब आरोपी द्वारा पेश किए गए जीएसटी दस्तावेजों की जांच में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया।

जानकारी के मुताबिक, जिले में अवैध कारोबार पर शिकंजा कसने के लिए पुलिस लगातार अभियान चला रही है। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि खुर्सीपार गेट के पास एक गोदाम में बड़ी मात्रा में अवैध कोयला जमा किया गया है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने गोदाम में दबिश दी, जहां से करीब 15.530 टन कोयला बरामद किया गया, जिसकी कीमत लगभग 3 लाख रुपए बताई जा रही है।

जांच के दौरान गोदाम संचालक विजय केसरवानी से कोयले के संबंध में दस्तावेज मांगे गए। आरोपी ने पुलिस को खरीदी-बिक्री से संबंधित जीएसटी बिल प्रस्तुत किए, लेकिन जब इन दस्तावेजों की गहन जांच की गई तो पूरा मामला संदिग्ध नजर आया। पड़ताल में सामने आया कि प्रस्तुत किए गए जीएसटी बिल फर्जी थे।

फर्जी दस्तावेजों का खुलासा होते ही पुलिस ने विजय केसरवानी को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह रेलवे और बीएसपी से चोरी किए गए कोयले की खरीदी कर उसे बाजार में बेचता था। उसने यह भी बताया कि फर्जी जीएसटी दस्तावेज तैयार कराने में राजकुमार मिश्रा और सुनील शर्मा उसकी मदद करते थे।

आरोपी के खुलासे के बाद पुलिस ने विजय केसरवानी के साथ-साथ राजकुमार मिश्रा और सुनील शर्मा को भी गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी हुई है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि चोरी के कोयले के इस कारोबार में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।

पुलिस अधिकारियों का मानना है कि जांच आगे बढ़ने पर इस अवैध कारोबार से जुड़े कई और बड़े खुलासे हो सकते हैं।

Related Articles

Back to top button