एक हफ्ते में 6 हत्याएं… क्या रायपुर में अपराधियों का खौफ खत्म हो गया? राजधानी की वारदातों ने बढ़ाई चिंता

रायपुर: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में लगातार सामने आ रही हत्या की वारदातों ने कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। करीब एक हफ्ते में 6 हत्या के मामले सामने आने के बाद राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ गई है। खास बात यह है कि इनमें से कई मामलों में पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि कुछ मामलों की जांच अभी जारी है।
कमिश्नरेट प्रणाली लागू होने के बावजूद लगातार हो रही इन घटनाओं को लेकर पुलिस व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। इसी बीच सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने भी रायपुर पुलिस कमिश्नरेट की व्यवस्था को लेकर चिंता जताई है। उन्होंने गृहमंत्री विजय शर्मा को पत्र लिखकर पूरे रायपुर जिले में पुलिस कमिश्नरेट व्यवस्था लागू करने की मांग की है।
सांसद का कहना है कि अपराधियों में खौफ पैदा करने के लिए कमिश्नरेट को ज्यादा अधिकार दिए जाने की जरूरत है। उनका दावा है कि मौजूदा व्यवस्था में अफसरों की संख्या ज्यादा है, जबकि जवानों की संख्या अपेक्षाकृत कम है।
एक नजर में रायपुर की 6 वारदातें
पिछले सप्ताह रायपुर कमिश्नरेट के तीन और रायपुर ग्रामीण के एक थाना क्षेत्र में कुल छह हत्या की घटनाएं सामने आईं। इनमें खमतराई में दो, मुजगहन में एक, अभनपुर में एक, सरस्वती नगर में एक और आमानाका में एक मामला शामिल है।
1. लिव-इन पार्टनर की गला दबाकर हत्या
सबसे पहले 1 जुलाई को रायपुर कमिश्नरेट के मुजगहन थाना क्षेत्र में लिव-इन रिलेशनशिप में रहने वाली कांकेर निवासी आदिवासी छात्रा भारती नेताम की हत्या का मामला सामने आया।
पुलिस जांच के अनुसार, मृतका का प्रेमी सावंत बघेल उस पर चरित्र को लेकर संदेह करता था और उसके साथ मारपीट भी करता था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
2. चरित्र शंका में पत्नी ने पति की हत्या
दूसरी वारदात 4 जुलाई को रायपुर ग्रामीण के अभनपुर थाना क्षेत्र के टोकरो गांव में हुई। यहां तालाब के पास चौकीदार परमेश्वर सिदार, उम्र करीब 30 वर्ष, का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला।
गले पर चोट के निशान मिलने के बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज किया। जांच में पुलिस के मुताबिक, मृतक की पत्नी तिजियाबाई सिदार ने पति की कथित चरित्र शंका से परेशान होकर और घटना की रात पति द्वारा अपनी बेटी के साथ कथित गलत हरकत देखने के बाद उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी पत्नी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
3. प्रेमिका की हत्या कर तालाब में फेंका शव
5 जुलाई को खमतराई थाना क्षेत्र की WRS कॉलोनी में एक युवती का शव तालाब में तैरता मिला। मृतका की पहचान नंदनी जैन के रूप में हुई।
पुलिस जांच में सामने आया कि मृतका का करण तांडी के साथ करीब चार साल से प्रेम संबंध था। पुलिस के अनुसार, आरोपी को मृतका के चरित्र पर संदेह था। उसने युवती को सुनसान स्थान पर बुलाया और कथित तौर पर उसके दुपट्टे से गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद शव को तालाब में फेंक दिया।
पुलिस ने आरोपी करण तांडी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
4. आपसी रंजिश में युवक पर हमला, इलाज के दौरान मौत
8 अगस्त को सरस्वती नगर थाना क्षेत्र में आपसी रंजिश के चलते महेश धृतलहरे पर हमला किया गया। गंभीर हालत में उसे एम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
पुलिस के अनुसार, 7-8 अगस्त की दरम्यानी रात सतनामी पारा कोटा में विवाद के बाद तुषार महिधर उर्फ बाउ और सुरेंद्र मधुकर उर्फ पोका ने महेश पर रॉड और डंडों से हमला किया था। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
5. रावाभाठा में मिली युवक की लाश, जांच जारी
8 अगस्त को ही खमतराई थाना क्षेत्र के रावाभाठा स्थित बांधा मैदान में एक युवक का शव मिलने से सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान करीब 22-23 वर्षीय पवन टंडन के रूप में हुई।
बताया गया कि पवन 5 अगस्त से लापता था। उसका शव कंक्रीट कल्वर्ट और पानी के पाइप के पास मिला। पुलिस को आशंका है कि युवक की हत्या कर शव को पाइप के अंदर छिपाया गया हो सकता है।
FSL टीम के साथ पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की है और मामले के खुलासे की बात कही है।
6. रेलवे पटरी के पास मिला अज्ञात युवक का शव
8 अगस्त को ही आमानाका थाना क्षेत्र में रेलवे पटरी के पास एक अज्ञात युवक का शव मिला। युवक के शरीर पर कई चोट के निशान पाए गए हैं, जिससे हत्या की आशंका जताई जा रही है।
हालांकि पुलिस का कहना है कि मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगी। फिलहाल आमानाका पुलिस ने मर्ग कायम कर मृतक की पहचान और घटना की जांच शुरू कर दी है।
छह घटनाओं ने खड़े किए बड़े सवाल
एक सप्ताह के भीतर राजधानी और आसपास के इलाकों में हुई इन घटनाओं ने पुलिस की कार्यप्रणाली और कानून-व्यवस्था को लेकर बहस तेज कर दी है। हालांकि कई मामलों में पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया है, लेकिन लगातार सामने आ रही हत्याओं ने राजधानी में अपराध पर नियंत्रण को लेकर सवाल जरूर खड़े किए हैं।
अब देखना यह होगा कि रायपुर में लगातार सामने आ रही इन वारदातों पर पुलिस और प्रशासन किस तरह अंकुश लगाता है और अपराधियों में कानून का खौफ पैदा करने के लिए आगे क्या कदम उठाए जाते हैं।
