‘5 लाख में मुलाकात, करोड़ों में टिकट’ वाले दावे पर मचा सियासी बवाल! मायावती ने तोड़ी चुप्पी, बोलीं- हमारी ताकत से घबराए विरोधी
वायरल स्टिंग को बसपा सुप्रीमो ने बताया साजिश, कहा- मिशन 2027 की तैयारी देखकर विरोधियों की उड़ गई है नींद

लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी की मुखिया मायावती ने सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे कथित स्टिंग ऑपरेशन और टिकट वितरण को लेकर लगाए जा रहे आरोपों पर पहली बार खुलकर प्रतिक्रिया दी है। वायरल सामग्री में यूपी बसपा अध्यक्ष विश्वनाथ पाल से जुड़ी बातचीत के आधार पर दावा किया गया था कि पार्टी में मुलाकात और चुनावी टिकट के लिए बड़ी रकम की मांग की जाती है। इन आरोपों को मायावती ने सिरे से खारिज करते हुए इसे बसपा और उसके नेतृत्व को बदनाम करने की साजिश बताया है।
मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी अपने बयान में कहा कि बसपा एक सच्ची और ईमानदार अम्बेडकरवादी पार्टी है, जो बड़े पूंजीपतियों या धनकुबेरों के इशारों पर नहीं बल्कि समाज के गरीब, शोषित, पीड़ित और उपेक्षित वर्गों के सहयोग से चलती है। उन्होंने आरोप लगाया कि संकीर्ण, जातिवादी, सांप्रदायिक और पूंजीवादी ताकतें समय-समय पर पार्टी की छवि खराब करने की कोशिश करती रहती हैं।
बसपा सुप्रीमो ने कहा कि चुनाव नजदीक आते ही पार्टी और उसके नेतृत्व को निशाना बनाने के लिए विभिन्न प्रकार के हथकंडे अपनाए जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मीडिया का एक वर्ग अन्य राजनीतिक दलों की गतिविधियों से लोगों का ध्यान हटाने के लिए बसपा के उम्मीदवार चयन की प्रक्रिया पर सवाल खड़े करता रहता है।
मायावती ने स्पष्ट किया कि पार्टी को जो भी आर्थिक सहयोग प्राप्त होता है, उसका उपयोग कानूनी रूप से चुनावी गतिविधियों और उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित करने के लिए किया जाता है। उन्होंने कहा कि इसके बावजूद पार्टी को लेकर अफवाहें फैलाना और भ्रामक बातें करना उचित नहीं है।
उन्होंने अपने बयान में यूपी बसपा अध्यक्ष विश्वनाथ पाल का भी बचाव किया। मायावती ने कहा कि विश्वनाथ पाल समेत पार्टी के सभी छोटे-बड़े पदाधिकारी इस समय संगठन को मजबूत करने और आगामी विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों में जुटे हुए हैं। संभावित उम्मीदवारों की सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक पृष्ठभूमि की जांच के लिए उनसे विभिन्न प्रकार के सवाल-जवाब किए जाते हैं, जिसे गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है।
मायावती ने पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे विरोधी दलों के कथित प्रायोजित षड्यंत्रों का शिकार न हों और मिशन 2027 की तैयारियों में पूरी ताकत से जुटे रहें। उन्होंने दावा किया कि बसपा की बढ़ती सक्रियता और चुनावी तैयारियों को देखकर विरोधी दलों की नींद उड़ी हुई है।
गौरतलब है कि सोशल मीडिया पर वायरल एक कथित स्टिंग के बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति में हलचल मच गई थी। अब मायावती के बयान के बाद यह मुद्दा और अधिक राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है।




