कैंसर के खिलाफ छत्तीसगढ़ में बड़ा अभियान, 34 लाख लोगों की स्क्रीनिंग; 5 हजार बेड की मेडिसिटी से बदलेगी इलाज की तस्वीर
CM साय ने चौथे BMC छत्तीसगढ़ कैंसर कॉन्क्लेव-2026 का किया शुभारंभ, बोले- मरीज को यह भरोसा जरूरी कि वह इस लड़ाई में अकेला नहीं; 33 जिलों तक बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने पर जोर

रायपुर। कैंसर के बढ़ते खतरे के बीच छत्तीसगढ़ में इसकी रोकथाम, समय पर पहचान और इलाज को लेकर स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में कई अहम कदम उठाए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नवा रायपुर में आयोजित चौथे BMC छत्तीसगढ़ कैंसर कॉन्क्लेव-2026 का शुभारंभ करते हुए कहा कि कैंसर के खिलाफ लड़ाई केवल बीमारी के इलाज तक सीमित नहीं है। मरीज को बेहतर चिकित्सा के साथ भावनात्मक सहारा और यह भरोसा देना भी जरूरी है कि वह इस कठिन समय में अकेला नहीं है।
कॉन्क्लेव का आयोजन ‘Restoring Balance to Cancer Care’ थीम पर किया जा रहा है, जिसमें 200 से अधिक राष्ट्रीय और 11 अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ हिस्सा ले रहे हैं। इस दौरान कैंसर की रोकथाम, स्क्रीनिंग, उपचार, अनुसंधान और नई तकनीकों पर मंथन किया जा रहा है।
समय पर पहचान से बढ़ती हैं इलाज की संभावनाएं
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कैंसर के खिलाफ लड़ाई में बीमारी की समय पर पहचान सबसे महत्वपूर्ण पहलुओं में से एक है। शुरुआती अवस्था में कैंसर का पता चलने पर प्रभावी उपचार की संभावनाएं बढ़ जाती हैं।
उन्होंने कॉन्क्लेव में मौजूद विशेषज्ञों से ऐसी आधुनिक तकनीकों और अनुसंधानों पर काम करने का आग्रह किया, जिनसे कैंसर की जल्द पहचान हो सके और उपचार अधिक सस्ता व सुलभ बनाया जा सके।
प्रदेश में बढ़ रही मेडिकल सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने बताया कि छत्तीसगढ़ गठन के समय प्रदेश में सिर्फ एक मेडिकल कॉलेज था, जबकि अब शासकीय और निजी मेडिकल कॉलेजों को मिलाकर इनकी संख्या 15 हो गई है। इसके अलावा पांच नए मेडिकल कॉलेज स्थापित करने की दिशा में भी काम किया जा रहा है।
सरकार का जोर कैंसर सहित गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए विशेषज्ञता, आधुनिक उपकरण और जरूरी चिकित्सा अधोसंरचना विकसित करने पर है, ताकि मरीजों को उपचार के लिए दूसरे राज्यों का रुख न करना पड़े।
इलाज के खर्च की चिंता कम करने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि गंभीर बीमारी के दौरान उपचार का खर्च परिवार की परेशानी बढ़ा देता है। सरकार का प्रयास है कि आर्थिक कठिनाई किसी जरूरतमंद मरीज के इलाज में बाधा न बने।
उन्होंने बताया कि आयुष्मान भारत योजना के तहत पात्र परिवारों को 5 लाख रुपए तक उपचार की सुविधा मिल रही है। वहीं, मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना के माध्यम से जरूरतमंद मरीजों को 25 लाख रुपए तक की उपचार सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।
बस्तर में 34 लाख लोगों की स्क्रीनिंग
दूरस्थ इलाकों में स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुंच को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान के तहत लगभग 34 लाख लोगों की स्वास्थ्य स्क्रीनिंग की गई है। इनमें करीब 40 हजार लोगों में विभिन्न बीमारियों की पहचान के बाद उन्हें उपचार से जोड़ा गया है।
सरकार के अनुसार, व्यापक स्क्रीनिंग का उद्देश्य बीमारियों की शुरुआती अवस्था में पहचान कर मरीजों को समय पर इलाज उपलब्ध कराना है।
नवा रायपुर में बन रही 5 हजार बेड की मेडिसिटी
छत्तीसगढ़ की स्वास्थ्य अधोसंरचना को लेकर मुख्यमंत्री ने एक बड़ी परियोजना का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि नवा रायपुर में लगभग 100 एकड़ क्षेत्र में 5 हजार बिस्तरों की क्षमता वाली मेडिसिटी विकसित की जा रही है।
इस परियोजना को प्रदेश में विशेषज्ञ और सुपर स्पेशियलिटी चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया गया है।
कैंसर मरीजों का तैयार होगा व्यवस्थित डेटाबेस
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि राज्य सरकार कैंसर की समय पर पहचान के लिए स्क्रीनिंग का दायरा बढ़ा रही है। प्रदेश में कैंसर को नोटिफाई करने का निर्णय लिया गया है, जिससे कैंसर मरीजों का व्यवस्थित डेटाबेस तैयार किया जा सकेगा।
उन्होंने बताया कि बालको मेडिकल सेंटर के सहयोग से प्रदेश में 500 से अधिक स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए गए हैं। इनका उद्देश्य कैंसर के प्रति जागरूकता बढ़ाना और लोगों को समय पर जांच के लिए प्रेरित करना रहा है।
सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए HPV टीकाकरण पर जोर
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए HPV टीकाकरण को मिशन मोड में आगे बढ़ाया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य स्क्रीनिंग और रोकथाम के उपायों के जरिए बीमारी की शुरुआती पहचान और समय पर उपचार सुनिश्चित करना है।
कॉन्क्लेव में 200 से ज्यादा राष्ट्रीय और 11 अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ
‘Restoring Balance to Cancer Care’ थीम पर आयोजित कॉन्क्लेव में देश-विदेश के चिकित्सक, कैंसर विशेषज्ञ, शोधकर्ता और स्वास्थ्य क्षेत्र के विशेषज्ञ शामिल हुए हैं। 200 से अधिक राष्ट्रीय और 11 अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ कैंसर की रोकथाम, स्क्रीनिंग, उपचार और चिकित्सा क्षेत्र में हो रहे नवाचारों पर चर्चा कर रहे हैं।
इस वर्ष कॉन्क्लेव में स्त्री रोग संबंधी कैंसर और प्रोस्टेट कैंसर पर विशेष रूप से चर्चा की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने देखीं कैंसर जांच और उपचार की नई तकनीकें
कॉन्क्लेव के दौरान मुख्यमंत्री ने कैंसर जागरूकता, प्रारंभिक पहचान, स्क्रीनिंग तथा जांच और उपचार की नवीन तकनीकों से जुड़े विभिन्न स्टॉलों का अवलोकन किया। इस अवसर पर उन्होंने सर्वाइकल कैंसर उन्मूलन परियोजना का भी शुभारंभ किया।
मुख्यमंत्री ने विशेषज्ञों से नई तकनीकों की कार्यप्रणाली और कैंसर की समय रहते पहचान में उनकी उपयोगिता के बारे में जानकारी ली। साथ ही उन्होंने इन आधुनिक सुविधाओं को प्रदेश के दूरस्थ इलाकों तक पहुंचाने की संभावनाओं पर भी चर्चा की।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि स्वस्थ नागरिक ही विकसित छत्तीसगढ़ की मजबूत नींव हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि चौथा BMC छत्तीसगढ़ कैंसर कॉन्क्लेव कैंसर की रोकथाम, समय पर स्क्रीनिंग, शोध और आधुनिक उपचार के क्षेत्र में नए निष्कर्षों और संभावनाओं का मार्ग प्रशस्त करेगा।

