कांग्रेस में ‘संगठन सृजन’ नहीं, ‘संगठन सीजन’ चल रहा — भाजपा प्रवक्ता का तंज
भाजपा प्रवक्ता नलिनीश ठोकने बोले — कांग्रेस में संगठन भावना अंधेरे कमरे की उस काली बिल्ली जैसी, जो वहां है ही नहीं

रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता नलिनीश ठोकने ने कांग्रेस के संगठन सृजन अभियान पर तीखा कटाक्ष किया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में इस समय ‘संगठन सृजन’ नहीं बल्कि ‘संगठन सीजन’ चल रहा है। यानी संगठन का काम अब कांग्रेस में मौसम की तरह बदलता रहता है।
ठोकने ने कहा कि कांग्रेस में अब संगठन की भावना ऐसे ढूंढ़नी पड़ती है जैसे अंधेरे कमरे में उस काली बिल्ली को खोजा जाए, जो वहां मौजूद ही नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के अंदरूनी झगड़ों और गुटबाजी ने उसकी जमीनी पकड़ कमजोर कर दी है। पार्टी में अब नेताओं का राजनीतिक वजूद एक ही परिवार की परिक्रमा और चरणवंदना पर टिका हुआ है।
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि कांग्रेस में आज कार्यकर्ताओं को स्लीपर सेल, सत्ता-सुख भोगी और चमचा कहकर अपमानित किया जा रहा है। ऐसे हालात में संगठन निर्माण की बात करना बेमानी है। कांग्रेस अब 140 साल पुरानी पार्टी होकर भी संगठन सृजन के लिए विवश है, जो उसके लिए शर्मनाक स्थिति है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की यही हालत पूरे देश में देखने को मिल रही है। प्रदेश प्रवक्ता ने तंज कसते हुए कहा कि जब किसी पार्टी में ‘संगठन सृजन’ नहीं बल्कि ‘संगठन सीजन’ हो, तो नेता रोज रंग बदलते हैं और मौसम को भी मात दे देते हैं।
नलिनीश ठोकने ने आगे कहा कि प्रदेश कांग्रेस प्रभारी सचिन पायलट लगातार दौरे कर रहे हैं, मगर उनके सामने ही कांग्रेस नेताओं के बीच खींचतान और आपसी संघर्ष साफ नजर आ रहे हैं। दो साल से अधिक समय बीतने के बाद भी प्रदेश कांग्रेस की कार्यकारिणी की घोषणा नहीं हो पाई है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की वर्षों पुरानी आंतरिक फूट अब सार्वजनिक हो चुकी है और यही कांग्रेस के पतन का सबसे बड़ा कारण है। ठोकने ने दावा किया कि इस आपसी सिरफुटौव्वल के चलते छत्तीसगढ़ में कांग्रेस का राजनीतिक ग्राफ लगातार नीचे जा रहा है और कार्यकर्ता हताश होकर पार्टी से दूरी बना रहे हैं।


