मंच से सांसद का फूटा गुस्सा, अफसरों को दी खुली चेतावनी… “होशियारी मत मारो, काम करो”
सुशासन तिहार के मंच पर भड़के सांसद भोजराज नाग, शिकायतों का ढेर देखकर अधिकारियों की लगाई जमकर क्लास

बालोद। सुशासन तिहार के जनसमस्या निवारण शिविर में उस वक्त माहौल अचानक गरमा गया, जब कांकेर लोकसभा सांसद भोजराज नाग अधिकारियों की कार्यशैली पर खुलकर भड़क उठे। ग्रामीणों की लगातार शिकायतें सुनने के बाद सांसद ने मंच से ही अफसरों को खरी-खरी सुना दी। उनका सख्त अंदाज देखकर कार्यक्रम में मौजूद अधिकारी भी असहज नजर आए।
मामला जिले के गुंडरदेही विकासखंड अंतर्गत ग्राम मटिया में आयोजित शिविर का है। यहां बड़ी संख्या में पहुंचे ग्रामीणों ने पेयजल संकट, अधूरे निर्माण कार्य, जल जीवन मिशन, राजस्व प्रकरण, स्वास्थ्य सेवाओं और प्रशासनिक लापरवाही को लेकर शिकायतों की झड़ी लगा दी।
ग्रामीणों की बातें सुनने के बाद जब विभागीय आंकड़ों और जमीनी हकीकत में बड़ा अंतर सामने आया तो सांसद भोजराज नाग का गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने खुले मंच से पीएचई विभाग, राजस्व विभाग, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग और पुलिस प्रशासन के अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई।
सांसद ने साफ शब्दों में कहा कि सुशासन तिहार केवल औपचारिकता निभाने के लिए नहीं है। इसका मकसद जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान करना है। उन्होंने अधिकारियों को चेताते हुए कहा कि “होशियारी मत मारो, काम करो… जनता सब देख रही है।”
उन्होंने यह भी कहा कि कुछ अधिकारी केवल फाइलों में काम दिखाकर सरकार की छवि खराब कर रहे हैं, जबकि जमीनी स्तर पर लोगों की समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं। सांसद के तेवर देखकर कार्यक्रम स्थल पर कुछ देर के लिए सन्नाटा छा गया।
इस दौरान गुंडरदेही विधायक कुंवर सिंह निषाद, जिला पंचायत अध्यक्ष तारणी चन्द्राकर, कलेक्टर दिव्या मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ सुनील चंद्रवंशी समेत कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।
अब सांसद के इस सख्त रुख की चर्चा पूरे जिले में तेज हो गई है। लोगों का कहना है कि पहली बार किसी जनमंच पर अधिकारियों को इस तरह खुलेआम जवाबदेह ठहराया गया है।


