
अंबिकापुर। छत्तीसगढ़-उत्तर प्रदेश सीमा पर शुक्रवार तड़के उस वक्त हड़कंप मच गया, जब धनवार चेकपोस्ट पर एक संदिग्ध ट्रक की तलाशी में करोड़ों रुपए का गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने ट्रक से 1941.110 किलो गांजा जब्त किया है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 10 करोड़ रुपए से अधिक आंकी जा रही है। इस कार्रवाई में अंतरराज्यीय गांजा तस्करी गिरोह के सरगना समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
जानकारी के अनुसार, बलरामपुर जिले की बसंतपुर पुलिस को पहले से सूचना मिली थी कि ओडिशा से बड़ी मात्रा में गांजा लेकर एक ट्रक छत्तीसगढ़ के रास्ते उत्तर प्रदेश की ओर रवाना हुआ है। पुलिस की निगरानी के बीच शुक्रवार सुबह करीब 3 बजे ट्रक क्रमांक आरजे 14 जीयू-9078 धनवार चेकपोस्ट पार करने की कोशिश कर रहा था। संदेह होने पर पुलिस ने ट्रक को रोककर जांच शुरू की।
तलाशी के दौरान पुलिस भी हैरान रह गई। ट्रक में गांजे की खेप को बेहद शातिराना तरीके से छिपाया गया था। ट्रक के निचले हिस्से में गांजे से भरी बोरियां रखी गई थीं, जबकि ऊपर पाउडर की परत बिछाकर पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया गया था। जब परत हटाई गई तो करीब 50 बोरियों में भरा गांजा बरामद हुआ।
पुलिस ने मौके से उत्तर प्रदेश के सहारनपुर निवासी लोकेश और मुजफ्फरनगर निवासी आमिर को गिरफ्तार कर लिया। जांच में सामने आया कि लोकेश इस पूरे नेटवर्क का सरगना है और ट्रक का मालिक भी वही है। वह करीब पांच महीने पहले पकड़ी गई 6 करोड़ रुपए की गांजा तस्करी के मामले में फरार चल रहा था। उस मामले में भी ओडिशा के बलांगीर से गांजे की खेप लाई जा रही थी।
पुलिस के अनुसार, लोकेश की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही थी और उसका मोबाइल भी ट्रैकिंग पर था। इसी इनपुट के आधार पर इस बार पुलिस ने जाल बिछाकर उसे धर दबोचा।
हर बार ओडिशा से ही क्यों आती है गांजे की खेप?
इस मामले ने एक बार फिर ओडिशा से संचालित हो रहे कथित गांजा तस्करी नेटवर्क पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सरगुजा संभाग में पिछले वर्षों में पकड़ी गई अधिकांश बड़ी खेपों का कनेक्शन ओडिशा से ही जुड़ा मिला है। लगातार कार्रवाई के बावजूद तस्कर नए-नए तरीके अपनाकर गांजे की सप्लाई कर रहे हैं।
फिलहाल पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि गांजे की यह खेप उत्तर प्रदेश में किस स्थान तक पहुंचाई जानी थी और इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।



