राजनांदगांव में लगेगा गैस से खाद बनाने का बड़ा प्लांट! हजारों रोजगार की उम्मीद, CM साय बोले- बदल जाएगी इलाके की तस्वीर
GAIL के प्रस्तावित फर्टिलाइजर प्लांट पर CM साय और डॉ. रमन सिंह की अहम चर्चा, Electronics Manufacturing Cluster 2.0 समेत औद्योगिक विकास के कई मुद्दों पर मंथन

रायपुर, 8 सितंबर 2026: छत्तीसगढ़ में औद्योगिक विकास को नई रफ्तार देने की दिशा में एक और बड़ी पहल सामने आई है। राजनांदगांव में GAIL (India) Limited के प्रस्तावित गैस आधारित फर्टिलाइजर प्लांट को लेकर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह से चर्चा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह परियोजना सिर्फ एक प्लांट तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि इससे पूरे क्षेत्र में रोजगार, कारोबार और औद्योगिक गतिविधियों को गति मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री साय ने मंगलवार को विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह से उनके रायपुर स्थित निवास पर मुलाकात की। इस दौरान राजनांदगांव के प्रस्तावित फर्टिलाइजर प्लांट के साथ इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर 2.0 और प्रदेश के औद्योगिक एवं आर्थिक विकास से जुड़े कई विषयों पर चर्चा हुई।
गैस आधारित प्लांट से क्या बदलेगा?
मुख्यमंत्री साय के मुताबिक, राजनांदगांव में प्रस्तावित गैस आधारित फर्टिलाइजर प्लांट क्षेत्र के औद्योगिक विकास के लिए महत्वपूर्ण परियोजना साबित हो सकता है।
उन्होंने कहा कि परियोजना के जरिए स्थानीय स्तर पर रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। इसके साथ ही प्लांट से जुड़े सहायक उद्योगों और व्यावसायिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
यानी अगर परियोजना जमीन पर आती है, तो इसका असर सिर्फ प्लांट तक सीमित न रहकर आसपास के कारोबार और आर्थिक गतिविधियों पर भी पड़ सकता है।
राजनांदगांव से आसपास के क्षेत्रों तक पहुंचेगा फायदा
मुख्यमंत्री ने कहा कि फर्टिलाइजर प्लांट से राजनांदगांव समेत आसपास के क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को गति मिलेगी।
सरकार की कोशिश है कि बड़े निवेश का लाभ स्थानीय लोगों और युवाओं तक पहुंचे। परियोजना के जरिए रोजगार के साथ स्थानीय स्तर पर सेवाओं, परिवहन, कारोबार और सहायक उद्योगों के लिए भी नए अवसर तैयार होने की उम्मीद जताई गई है।
Electronics Manufacturing Cluster 2.0 पर भी हुई चर्चा
बैठक में सिर्फ फर्टिलाइजर प्लांट ही नहीं, बल्कि Electronics Manufacturing Cluster 2.0 को लेकर भी चर्चा हुई।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करने और निवेश को बढ़ावा देने की दिशा में राज्य सरकार लगातार काम कर रही है।
सरकार आधुनिक तकनीक और हाई-वैल्यू मैन्युफैक्चरिंग को प्रदेश में बढ़ावा देना चाहती है। इसी दिशा में Electronics Manufacturing Cluster 2.0 को महत्वपूर्ण पहल बताया गया।
छत्तीसगढ़ को आधुनिक मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने की तैयारी
मुख्यमंत्री के मुताबिक, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर 2.0 के जरिए छत्तीसगढ़ को इलेक्ट्रॉनिक्स और आधुनिक विनिर्माण के उभरते केंद्र के रूप में विकसित करने की कोशिश है।
इससे प्रदेश में नए उद्योगों के आने और निवेश बढ़ने की संभावनाएं बन सकती हैं। सरकार का फोकस ऐसे क्षेत्रों पर है, जहां आधुनिक तकनीक के साथ बड़े पैमाने पर आर्थिक गतिविधियां विकसित की जा सकें।
‘निवेश आए तो युवाओं को मिले रोजगार’
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से छत्तीसगढ़ में बड़ी औद्योगिक परियोजनाओं और निवेश के लिए नई संभावनाएं बनी हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि प्रदेश में आने वाला निवेश स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार, क्षेत्रीय विकास और आर्थिक समृद्धि का माध्यम बने।
राजनांदगांव की प्रस्तावित गैस आधारित फर्टिलाइजर परियोजना को भी मुख्यमंत्री ने इसी दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
अब नजर इस बात पर रहेगी कि GAIL का प्रस्तावित फर्टिलाइजर प्लांट कब जमीन पर उतरता है और राजनांदगांव के औद्योगिक नक्शे पर इस परियोजना का कितना बड़ा असर दिखाई देता है।



