डेम में युवती की गुमशुदगी, प्रेमी बचा लेकिन रहस्य अभी भी जारी!
कोरबा के राताखार डेम में 8 दिन से लापता शीलू त्रिपाठी की तलाश, परिजनों ने प्रेमी के खिलाफ की कड़ी कार्रवाई की मांग।

कोरबा। राताखार डेम में 18 सितंबर को हुई एक चौंकाने वाली घटना अब भी रहस्य बनी हुई है। 18 वर्षीय शीलू त्रिपाठी और उसका प्रेमी राहुल नामदेव ने डेम में छलांग लगाई। मछुआरों की मदद से राहुल को तो बचा लिया गया, लेकिन 8 दिन बीत जाने के बावजूद शीलू का कोई पता नहीं चल सका है।
घटना सुबह लगभग 10 बजे हुई थी। मछुआरों ने डेम के टापू पर फंसे युवक को देखा और 112 तथा कोतवाली पुलिस को सूचना दी। तेज बहाव के कारण नगर सेना की गोताखोर टीम को बुलाया गया। लगभग एक घंटे की मेहनत के बाद युवक को सुरक्षित बाहर निकाला गया। पूछताछ में उसने खुद को काशी नगर निवासी राहुल नामदेव बताया और युवती की पहचान एमपी नगर अटल आवास निवासी शीलू त्रिपाठी के रूप में की।
परिजनों का आरोप है कि राहुल ने शीलू को आत्महत्या के लिए उकसाया था। घटना से एक दिन पहले राहुल उनके घर आया था और शादी न करने पर जान से मारने की धमकी दी थी। शीलू की तलाश जारी है और इस मामले में पुलिस और एसडीआरएफ की टीम जुटी हुई है। कोरबा सीएसपी भूषण एक्का ने बताया कि नगर सेना के गोताखोर और हसदेव नदी किनारे के गांवों में सूचना मुनादी के माध्यम से भी खोज जारी है।
परिजनों का कहना है कि इस मामले में युवक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए, क्योंकि छलांग लगाते समय युवक के कपड़े उतरे हुए थे और युवती अब भी लापता है। घटना ने पूरे इलाके में सनसनी मचा दी है और लोग शीलू की सुरक्षित खोज की उम्मीद लगाए बैठे हैं।

