“झारखंड में महिलाओं के लिए बड़ा गेमचेंजर! CM सोरेन के ऐलान से बदल सकती है लाखों की किस्मत”
‘मंईयां बलवान’ और ‘मंईयां उद्यमी’ योजना से सियासी हलचल तेज… क्या महिलाओं को मिलेगा नया हक और ताकत?

झारखंड की राजनीति में बजट सत्र के आखिरी दिन बड़ा ऐलान करते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने महिलाओं के लिए दो नई योजनाओं—‘मंईयां बलवान योजना’ और ‘मंईयां उद्यमी योजना’—की घोषणा की। इस फैसले के बाद राज्य की सियासत के साथ-साथ आम लोगों के बीच भी चर्चा तेज हो गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार सिर्फ वादे नहीं करती, बल्कि उन्हें पूरा भी करती है। उन्होंने दावा किया कि झारखंड की आर्थिक स्थिति पहले से बेहतर हुई है और वित्तीय प्रबंधन में राज्य अब 13वें से तीसरे स्थान पर पहुंच गया है।
👩 महिलाओं पर खास फोकस
सरकार ने महिलाओं को मजबूत बनाने के लिए कई बड़े कदम उठाए हैं। ‘मंईयां सम्मान योजना’ के तहत करीब 50 लाख महिलाओं को लाभ मिल रहा है। अब नई योजनाओं—‘मंईयां बलवान’ और ‘मंईयां उद्यमी’—के जरिए महिलाओं को आर्थिक और सामाजिक रूप से और सशक्त करने की तैयारी है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि अब परित्यक्ता महिलाओं को भी पेंशन का लाभ दिया जा रहा है। पहले जहां 12-13 लाख लोगों को पेंशन मिलती थी, अब यह संख्या बढ़कर 36 लाख हो चुकी है।
📚 शिक्षा और विकास पर जोर
सरकार शिक्षा के क्षेत्र में भी तेजी से काम कर रही है। ‘सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस’ की संख्या बढ़ाई जा रही है—पहले 80 स्कूल थे, अब 100 नए स्कूल और खोले जाएंगे। शिक्षा के लिए 18,800 करोड़ रुपये का बजट तय किया गया है, जो कुल बजट का 12 प्रतिशत है।
🌍 निवेश और आदिवासी मुद्दों पर भी फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड अब वैश्विक स्तर पर भी अपनी पहचान बना रहा है। पहली बार राज्य सरकार दावोस गई, जहां निवेश के नए अवसर मिले। साथ ही उन्होंने आदिवासी समुदाय की आवाज उठाने की बात दोहराई।




