कभी टपकती थी छत, अब पक्के घर में सुकून की नींद; PM जनमन योजना ने पहाड़ी कोरवा परिवारों की बदल दी जिंदगी
वर्षों से कच्चे मकान और मौसम की मार झेल रहे परिवारों का हुआ पक्के घर का सपना पूरा, सुरक्षित छत ने दिया बच्चों और परिवार के बेहतर भविष्य का भरोसा

रायपुर। कभी बारिश में टपकती छत, तेज हवाओं में कमजोर होती दीवारें और कड़ाके की ठंड में घर की सुरक्षा की चिंता… सरगुजा जिले के पहाड़ी कोरवा परिवारों के लिए यह लंबे समय से जिंदगी का हिस्सा था। लेकिन अब तस्वीर बदल रही है। पीएम जनमन योजना के तहत पक्का आवास मिलने के बाद इन परिवारों को न सिर्फ मौसम की मार से राहत मिली है, बल्कि सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन का आधार भी मिला है।
सरगुजा जिले के जनपद पंचायत उदयपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत केशमा (वन केशमा) में पहाड़ी कोरवा परिवारों के लिए बनाए गए पक्के आवास इस बदलाव की तस्वीर पेश कर रहे हैं।
वर्षों से देखा था पक्के घर का सपना
गांव के पहाड़ी कोरवा परिवारों में हुडकू राम/बिरझु और रतन साय/छन्दू का परिवार लंबे समय से पक्के और सुरक्षित मकान की उम्मीद लगाए हुए था।
पीएम जनमन योजना के माध्यम से दोनों परिवारों को पक्का आवास मिलने के बाद उनकी वर्षों पुरानी चिंता दूर हुई है। घर मिलने से परिवारों में खुशी है और अब वे सुरक्षित वातावरण में अपने दैनिक जीवन को आगे बढ़ा रहे हैं।
बारिश और ठंड की परेशानी हुई दूर
पहाड़ी इलाकों में कच्चे मकानों में रहने वाले परिवारों के लिए बारिश, तेज हवा और ठंड का मौसम काफी मुश्किल भरा होता था। कमजोर छत और दीवारों के कारण हर मौसम में घर की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती थी।
पक्का मकान मिलने के बाद इन परिवारों को छत टपकने, दीवारों के कमजोर होने और मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों से होने वाली परेशानियों से राहत मिली है। सुरक्षित घर बच्चों, बुजुर्गों और परिवार के अन्य सदस्यों के लिए बेहतर वातावरण उपलब्ध करा रहा है।
चार दीवारों से कहीं ज्यादा है ये घर
इन परिवारों के लिए पक्का मकान सिर्फ ईंट और सीमेंट से बनी चार दीवारें नहीं हैं। यह उनके लिए सुरक्षा, स्थायित्व और सम्मान का आधार बन गया है।
अब परिवारों को हर मौसम में घर की सुरक्षा को लेकर पहले जैसी अनिश्चितता नहीं रहेगी। सुरक्षित आवास मिलने से वे बच्चों की पढ़ाई, आजीविका और परिवार की दूसरी जरूरतों पर ज्यादा ध्यान दे सकेंगे।
PVTG परिवारों तक पहुंच रही बुनियादी सुविधाएं
पीएम जनमन योजना का उद्देश्य विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों यानी PVTG परिवारों तक आवास सहित जरूरी बुनियादी सुविधाएं पहुंचाना है।
पक्के आवास जैसी मूलभूत सुविधा मिलने से इन परिवारों के जीवन में स्थायी बदलाव की नींव मजबूत हो रही है। सुरक्षित घर उनके लिए बेहतर जीवन की दिशा में एक अहम कदम साबित हो रहा है।
अब मौसम का डर नहीं, बेहतर भविष्य की उम्मीद
हुडकू राम और रतन साय के परिवारों के लिए पक्का आवास एक नए दौर की शुरुआत जैसा है। कभी कच्चे घर और बारिश-ठंड की चिंता के बीच गुजरने वाले दिन अब सुरक्षित छत के नीचे बीत रहे हैं।


